दुल्लहपुर (गाजीपुर)। दुल्लहपुर थाना क्षेत्र के जलालाबाद गांव स्थित डेरा कब्रिस्तान के समीप झाड़ियों में प्रतिबंधित पशु का खून, लीद और हड्डियां मिलने से क्षेत्र में सनसनी फैल गई। घटना की सूचना मिलते ही ग्रामीणों की भारी भीड़ मौके पर जुट गई और तरह–तरह की चर्चाएं शुरू हो गईं।
ग्रामीणों की सूचना पर तत्काल दुल्लहपुर थानाध्यक्ष वागीश विक्रम सिंह जलालाबाद चौकी प्रभारी प्रदीप मिश्रा के साथ मौके पर पहुंचे और पूरे मामले की गंभीरता से जांच–पड़ताल शुरू की। मौके पर समाजसेवी विक्की पांडे, बच्चा सेठ सहित दर्जनों ग्रामीण भी उपस्थित रहे। ग्रामीणों ने आशंका जताई कि सबे-बरात पर्व से पूर्व लगभग 2 फरवरी को एक समुदाय विशेष के लोगों द्वारा प्रतिबंधित पशु का वध किया गया है। ग्रामीणों का कहना है कि मौके पर खून के धब्बे, लीद, कुछ हड्डियां तथा एक छोटे पेड़ में बंधी रस्सी मिलना इस बात की ओर इशारा करता है कि यहां गाय के वध की घटना हुई हो सकती है।
घटना को लेकर ग्रामीणों में रोष व्याप्त है। लोगों ने शासन–प्रशासन से मांग की है कि यदि किसी भी व्यक्ति द्वारा प्रतिबंधित पशु का वध किया गया है तो उसके खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनी रहे और भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
इस संबंध में थानाध्यक्ष वागीश विक्रम सिंह ने बताया कि मौके पर खून, लीद और हड्डियां मिली हैं। पशु चिकित्सकों की टीम से निरीक्षण कराया गया है। साथ ही मौके से मिले खून के नमूने, हड्डियां और लीद को फोरेंसिक जांच के लिए भेजा जा रहा है। जांच रिपोर्ट आने के बाद विधिक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यह भी बताया कि मामले की गहनता से जांच की जा रही है और कुछ लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।




