शादियाबाद (जनपद गाजीपुर) — दिनांक 15 अगस्त 2026
गाजीपुर पुलिस ने जनपद के शादियाबाद थाना क्षेत्र में हुए अंधे कत्ल का पर्दाफाश करते हुए एक सनसनीखेज हत्याकांड का खुलासा किया है। पुलिस अधीक्षक डॉ. इरज राजा, अपर अधीक्षक नगर डॉ. राकेश कुमार मिश्र और क्षेत्राधिकारी भुड़कुड़ा के कुशल निर्देशन तथा शादियाबाद पुलिस की सूझबूझ से इस बड़ी वारदात को अंजाम देने वाले तीन बाल अपचारियों को हिरासत में ले लिया गया है। पुलिस ने इनके पास से हत्या में प्रयुक्त अवैध तमंचा, कारतूस, मृतक का मोबाइल फोन और मोटरसाइकिल बरामद कर ली है।
क्या था पूरा मामला?
गत 30 जुलाई 2026 की सुबह करिमुल्लापुर नहर (वसदेईया) के पास एक अज्ञात शव मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई थी। शिनाख्त के बाद मृतक की पहचान वाराणसी में रहकर पढ़ाई करने वाले रोहित यादव (पुत्र राजेंद्र यादव, निवासी भवनपुर, थाना रानीपुर, मऊ, हाल पता मरदापुर, गाजीपुर) के रूप में हुई। परिजनों की तहरीर पर शादियाबाद थाने में अज्ञात के विरुद्ध हत्या (धारा 103(1) बीएनएस) का मुकदमा दर्ज किया गया था।
रंजिश और वीडियो बनाने की खौफनाक साजिश
विवेचना, सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी विश्लेषण से चौंकाने वाला सच सामने आया। मुख्य आरोपी श्यामसुन्दर यादव उर्फ गोलू की एक महिला से नजदीकी थी, जिसके विवादित मामले में गोलू जेल गया था। जेल से छूटने के बाद उसे पता चला कि उस महिला और उसकी बहन से मृतक रोहित यादव का संपर्क हो गया है। इसी रंजिश में बदला लेने के लिए गोलू ने खौफनाक साजिश रची।
29 जुलाई को आरोपी बाल अपचारियों की मदद से रोहित को वाराणसी से बहला-फुसलाकर शादियाबाद के दयालपुर गांव के एक खाली मकान में लाया गया। इसके बाद सुनसान नहर किनारे ले जाकर आरोपियों ने दहशत फैलाने और वीडियो बनाने के नापाक मकसद से रोहित के सिर में गोली मारकर उसकी निर्मम हत्या कर दी। आरोपियों ने हत्या का लाइव वीडियो मृतक के ही मोबाइल में रिकॉर्ड किया और गुमराह करने के लिए उसके परिचितों को ऑडियो कॉल भी कराई थी।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई और बरामदगी
आज दिनांक 15 अगस्त 2026 को थाना शादियाबाद पुलिस टीम ने बहरामपुर चौबहा नहर पुलिया के पास से तीन बाल अपचारियों को दबोच लिया। तलाशी के दौरान इनके पास से निम्नलिखित सामान बरामद हुआ:
01 अवैध तमंचा (.315 बोर) एवं 01 जिंदा कारतूस (.315 बोर)
मृतक का मोबाइल फोन (जिसमें हत्या का वीडियो मौजूद है)
घटना में प्रयुक्त अपाचे मोटरसाइकिल
प्रकरण में धारा 3(5)/315 बीएनएस व आयुध अधिनियम की बढ़ोतरी कर विधिक कार्रवाई की जा रही है। वहीं, इस जघन्य हत्याकांड के फरार मास्टरमाइंड श्यामसुन्दर यादव उर्फ गोलू की तलाश के लिए पुलिस टीमों का गठन कर दबिश दी जा रही है।
इस खुलासे को अंजाम देने वाली पुलिस टीम में थानाध्यक्ष वागीश विक्रम सिंह, चौकी प्रभारी हंसराजपुर उ.नि. सचिन सिंह और उ.नि. जनार्दन प्रसाद शामिल रहे।

