(गाजीपुर)
थाना शादियाबाद क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम हुसैनपुर बसेवा स्थित प्राथमिक विद्यालय में शिक्षा व्यवस्था और सामाजिक मर्यादा को तार-तार कर देने वाला एक बेहद आपत्तिजनक मामला प्रकाश में आया है। जिस परिसर को बच्चों के भविष्य निर्माण और संस्कारों का केंद्र माना जाता है, उसी शिक्षा के मंदिर में देर रात अश्लीलता की सारी हदें पार कर दी गईं। विद्यालय परिसर में आयोजित एक तेरहवीं के कार्यक्रम के दौरान न केवल बार-बालाओं के अश्लील नृत्य का आयोजन हुआ, बल्कि पूरी रात तेज आवाज में फूहड़ गाने भी बजाए गए। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद शिक्षा विभाग और स्थानीय प्रशासन में हड़कंप मच गया है।
तेरहवीं के भोज के बाद सजी महफिल
प्राप्त जानकारी के अनुसार, हुसैनपुर बसेवा गांव में तेरहवीं के भोज का कार्यक्रम था। आरोप है कि इस निजी कार्यक्रम के लिए नियमों को ताक पर रखकर प्राथमिक विद्यालय परिसर का उपयोग किया गया। रात ढलते ही स्कूल प्रांगण में मंच सज गया और तेज आवाज में डीजे गूंजने लगा। देखते ही देखते मर्यादा की सीमाएं लांघ दी गईं और छोटे कपड़ों में आईं बार-बालाओं ने खुलेआम ठुमके लगाना शुरू कर दिया। वायरल वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि किस तरह मर्यादा की धज्जियां उड़ाते हुए लोग अश्लील गानों पर झूम रहे हैं।
इस घटना ने सीधे तौर पर शासन-प्रशासन की कार्यशैली पर गंभीर प्रश्नचिह्न खड़े कर दिए हैं। प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जहां एक ओर शैक्षणिक संस्थानों की गरिमा, अनुशासन और पवित्रता बनाए रखने के लिए लगातार कड़े निर्देश दे रहे हैं, वहीं गाजीपुर के जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला द्वारा भी इस संबंध में सख्त हिदायत दी गई है। इसके बावजूद, एक सरकारी शैक्षणिक संस्थान में इस तरह के अशोभनीय और अमर्यादित आयोजन की अनुमति किसने और किसके आदेश पर दी, यह एक बड़ा यक्ष प्रश्न बना हुआ है।


खंड शिक्षा अधिकारी (BEO) मनिहारी, हेमवंत कुमार ने बताया कि इस पूरे प्रकरण का संज्ञान लिया गया है। उन्होंने कहा कि घटना के संबंध में वस्तुस्थिति जानने के लिए संबंधित विद्यालय के प्रधानाध्यापक (हेडमास्टर) से फोन पर संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उनका मोबाइल फोन लगातार बंद आ रहा है और उनसे संपर्क नहीं हो पाया है। बीईओ ने आश्वासन दिया है कि मामले की गहन जांच कराकर जल्द ही उच्चाधिकारियों को रिपोर्ट सौंपी जाएगी और दोषियों के खिलाफ कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।


