दुल्लहपुर (गाजीपुर)।
दुल्लहपुर थाना क्षेत्र के चौहान मार्केट में एक अजीबोगरीब और गंभीर मामला सामने आया है। सीजर के दौरान मऊ के एक निजी अस्पताल में नवजात की मौत हो जाने के बाद परिजनों ने दुल्लहपुर स्थित एक निजी अस्पताल के संचालकों पर गंभीर आरोप लगाए हैं।
बताया जा रहा है कि यह मामला 4 फरवरी, होली के दिन का है। पीड़िता पम्मी चौहान के ससुर अशोक चौहान के अनुसार प्रसूता को पहले सरकारी अस्पताल ले जाया गया, जहां एएनएम ने बताया कि बच्चा टेढ़ा है। इसके बाद परिजन उसे दुल्लहपुर के चौहान मार्केट स्थित एक निजी अस्पताल में ले गए।
परिजनों का आरोप है कि अस्पताल में डॉक्टर की अनुपस्थिति में नर्स ने प्रसूता का पेट दबाया, जिससे उसकी हालत बिगड़ने लगी। स्थिति गंभीर होने पर अस्पताल संचालक और परिजन मिलकर प्रसूता को मऊ के एक निजी अस्पताल ले गए, जहां ऑपरेशन (सीजर) के दौरान नवजात की मौत हो गई।
परिजनों का आरोप है कि दुल्लहपुर के निजी अस्पताल में पेट दबाने के कारण ही नवजात की जान चली गई। घटना के बाद परिजनों ने दुल्लहपुर थाने में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत मिलने के करीब 24 घंटे बाद पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर निजी अस्पताल के एक संचालक को हिरासत में ले लिया।
सूत्रों के अनुसार इस मामले में पहले कई बार समझौते की भी बातचीत चली, लेकिन निजी अस्पताल के संचालक ने स्वयं को निर्दोष बताते हुए समझौता करने से इंकार कर दिया।
इस संबंध में थाना अध्यक्ष वागीश विक्रम सिंह ने बताया कि तहरीर मिलने के बाद लापरवाही के आरोप में मुकदमा दर्ज कर एक व्यक्ति को हिरासत में लिया गया है और मामले की जांच की जा रही है।


