संवाददाता शैलेन्द्र यादव
दुल्लहपुर, गाज़ीपुर।
दुल्लहपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत जलालाबाद स्थित नेशनल हाईवे–124डी पर शहीद वीर अब्दुल हमीद चौक के पास निर्माणाधीन अंडरपास एक बार फिर जानलेवा साबित हुआ। सुरक्षा मानकों की अनदेखी और चेतावनी संकेतों के अभाव में सोमवार देर रात एक दर्दनाक हादसा हो गया, जिसमें बाइक सवार युवक की मौत हो गई।
निर्माणाधीन अंडरपास के उत्तर दिशा में लगभग 8 फीट गहरा गड्ढा खुदा हुआ है, लेकिन वहां कोई बैरिकेडिंग, संकेतक या प्रकाश व्यवस्था नहीं की गई थी। निर्माण कार्य के चलते शंकरा मार्ग की ओर से वाहनों का आवागमन एकतरफा किया गया था। इसी दौरान जलालाबाद गांव निवासी रविंद्र पासवान (30 वर्ष) पुत्र स्विच पासवान बाइक से घर से जलालाबाद की ओर जा रहे थे।
अचानक सामने से आए वाहन को बचाने के प्रयास में संतुलन बिगड़ा और रविंद्र बाइक सहित सीधे गहरे गड्ढे में औंधे मुंह गिर पड़े। गिरने से उनके नाक व मुंह से खून बहने लगा और वह गंभीर रूप से घायल हो गए। दुर्भाग्यवश, मौके पर तत्काल मदद नहीं मिल सकी और ग्रामीणों व पुलिस को सूचना देने में करीब 30 मिनट की देरी हो गई।
काफी मशक्कत के बाद पुलिस व स्थानीय लोगों की सहायता से घायल को गड्ढे से बाहर निकाला गया और एंबुलेंस से मऊ जिला अस्पताल भेजा गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। रात में ही पुलिस ने शव को मॉर्चरी हाउस भिजवा दिया।
मृतक पांच भाइयों में तीसरे नंबर पर थे। उनकी शादी तीन वर्ष पूर्व हुई थी और वह दो माह पहले ही सऊदी अरब से कमाकर लौटे थे। परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।
इस संबंध में थानाध्यक्ष वागिश विक्रम सिंह ने बताया कि घायल को परिजनों के साथ एंबुलेंस से मऊ भेजा गया था, जहां उसकी मृत्यु हो गई। शव को मॉर्चरी हाउस भेज दिया गया है और आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।
सवाल बरकरार: आखिर कब तक निर्माणाधीन स्थलों पर सुरक्षा की अनदेखी यूं ही जान लेती रहेगी?
प्रशासन और निर्माण एजेंसियों की जिम्मेदारी तय होना अब जरूरी है।


